Badshah Night Club News: मशहूर रैपर और सिंगर बादशाह के लिए एक बुरी खबर है। मंगलवार को चंडीगढ़ प्रशासन ने सेक्टर-26 में मौजूद उनके जाने-माने नाइटक्लब ‘सागो बाय बादशाह’ (Sago by Badshah) को सील कर दिया है। यह कार्रवाई क्लब में भवन निर्माण से जुड़े नियमों को तोड़ने के आरोप में की गई है। तो चलिए जानते हैं कि आखिर मामला क्या है और प्रशासन को इतना सख्त कदम क्यों उठाना पड़ा।
चंडीगढ़ के डिप्टी कमिश्नर निशांत यादव ने बताया कि क्लब में कई ऐसे निर्माण किए गए थे, जिनकी प्रशासन से कोई अनुमति नहीं ली गई थी। जांच में कई बड़ी खामियां सामने आईं। बेसमेंट, ग्राउंड फ्लोर और दूसरी मंजिल पर अपनी मर्जी से केबिन, पार्टिशन, टॉयलेट, किचन और कोल्ड स्टोर बना लिए गए थे। क्लब के खुले आंगनों को स्टील के ढांचे और फाइबर शीट से ढक दिया गया था। प्रशासन से जो नक्शा पास करवाया गया था, असल में इमारत उससे काफी अलग बना दी गई थी, जिसमें टिन शेड और स्टोरेज एरिया भी शामिल था।
प्रशासन ने पहले ही दी थी चेतावनी
प्रशासन ने अचानक से ताला नहीं लगाया है। अधिकारियों के मुताबिक 25 अप्रैल 2024 को ही क्लब चलाने वालों को ‘कारण बताओ नोटिस’ भेजा गया था। उन्हें अपनी गलतियां सुधारने और नियमों के हिसाब से काम करने का पूरा समय और मौका दिया गया। जब कई चेतावनियों के बावजूद निर्देशों का पालन नहीं हुआ, तो मजबूरन प्रशासन को पंजाब एक्ट और चंडीगढ़ एस्टेट रूल्स के तहत क्लब को सील करना पड़ा।
फिलहाल क्लब को शांतिपूर्ण तरीके से सील करके सुरक्षित कर दिया गया है, ताकि आगे के आदेश तक कोई इसका इस्तेमाल न कर सके।
‘सागो’ क्लब का विवादों से पुराना नाता रहा है। इसी साल 2024 की शुरुआत में बादशाह के इस क्लब के बाहर बम धमाके हुए थे। सीसीटीवी फुटेज में एक आदमी देसी बम फेंककर भागता हुआ नजर आया था। इस मामले में दिल्ली पुलिस ने पंजाब के फरीदकोट से दीपक नाम के एक शख्स को गिरफ्तार किया था। पुलिस का दावा था कि वह आरोपी कुख्यात गैंगस्टर गोल्डी बराड़ के लगातार संपर्क में था। इस घटना के बाद भी यह क्लब काफी चर्चा में रहा था।
चंडीगढ़ का सेक्टर-26 शहर का एक बड़ा नाइटलाइफ हब (Nightlife Hub) है, जहां कई क्लब और रेस्तरां मौजूद हैं। बादशाह का क्लब सील होने के बाद अब प्रशासन की नजर बाकी जगहों पर भी है।
एस्टेट ऑफिस की टीमें लगातार निरीक्षण कर रही हैं। प्रशासन ने साफ कर दिया है कि सुरक्षा और बिल्डिंग से जुड़े नियमों का पालन करना हर हाल में जरूरी है। अगर कोई भी अवैध निर्माण या नक्शे से छेड़छाड़ करता हुआ पाया गया, तो उसके खिलाफ भी ऐसी ही सख्त कार्रवाई की जाएगी।