England vs Pakistan: पाकिस्तान ने इंग्लैंड दौरे से साथ खिलाड़ियों को वापस बुलाने का फैसला किया है। इंग्लैंड टीम ने तीन मैचों की टेस्ट सीरीज में 2-0 की अजेय बढ़त बना रखी है।
क्या गारंटी है कि ऐसा होगा?
रमीज ने सवाल कि क्या इतने बड़े बदलाव से टीम तुरंत ही बेहतर प्रदर्शन करने लगेगी? उन्होंने बीबीसी रेडियो 5 लाइव से कहा, ”मैं खुद को यह समझाने की कोशिश कर रहा हूं कि सबकुछ ठीक है, लेकिन ऐसा नहीं है। यह सिर्फ दिखाता है कि पाकिस्तान क्रिकेट ने पैनिक बटन दबा दिया है। यह खेल के लिए अच्छा नहीं है। यह उन खिलाड़ियों के कॉन्फिडेंस के लिए भी अच्छा नहीं है जो आए हैं, या जो खिलाड़ी टीम में हैं। क्योंकि इससे आप एक सेल्फिश टीम बना जाते हैं। क्या गारंटी है कि रिजल्ट मिलेंगे? इनमें से कुछ लोगों ने टेस्ट क्रिकेट नहीं खेला है। मुझे नहीं पता कि ऐसा क्यों किया गया।” उन्होंने आगे कहा, ”मैं इस सिचुएशन से बिल्कुल खुश नहीं हूं। हमने वर्ल्ड क्रिकेट में ऐसा कितनी बार देखा है? कभी नहीं, बिल्कुल नहीं। यह तो फुटबॉल जैसा है, सीजन के बीच में मैनेजर को बर्खास्त कर देना। अगर आप मुझसे पूछें कि चीजें कैसे ठीक हो सकती हैं, तो मुझे कोई आइडिया नहीं है।”
रिजवान समेत इनको बुलाया
पीसीबी ने सोमवार को अप्रत्याशित फैसला लेते हुए मोहम्मद रिजवान, इमाम उल हक, सलमान अली आगा, अली उस्मान, आमिर जमाल, मुहम्मद अवैस जफर और खुर्रम शहजाद को पाकिस्तान टीम से रिलीज कर दिया। टीम में शामिल किए गए सात नए खिलाड़ी- साइम अयूब, अब्दुल्ला फजल, अराफात मिन्हास, साद बेग, मुहम्मद रंधावा, रजाउल्लाह और मुहम्मद इमरान जूनियर हैं। इन सात खिलाड़ियों में से पांच अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट खेल चुके हैं जबकि मुहम्मद रंधावा और रजाउल्लाह ने अभी पाकिस्तान का किसी भी स्तर पर प्रतिनिधित्व नहीं किया है। बोर्ड ने सरफराज की जगह माइक हेसन को हेड कोच बनाया। गुल के स्थान पर एश्ले नॉफ्के को बॉलिंग कोच नियुक्त किया गया। तीसरा टेस्ट नौ सितंबर से बर्मिंघम में खेला जाना है।
Discover more from Hindi News Blogs
Subscribe to get the latest posts sent to your email.