संसद में अलग गुट बनाना संविधान और कानून के खिलाफ
लोकसभा स्पीकर के दफ्तर को पत्र सौंपने के बाद टीएमसी सांसद सागरिका घोष ने मीडिया से बात करते हुए बागी गुट पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा, “हमने लोकसभा स्पीकर को एक पत्र दिया है, जिसमें साफ कहा गया है कि टीएमसी एक अटूट और अविभाज्य पार्टी है। आप लोकसभा के भीतर कोई भी अलग गुट नहीं बना सकते। यह पूरी तरह से संविधान के खिलाफ है। जो लोग टीएमसी को तोड़ना चाहते हैं और संसद के अंदर अलग ग्रुप बनाना चाहते हैं, कानून इसकी इजाजत बिल्कुल नहीं देता।”
बागी सांसदों पर निशाना साधते हुए सागरिका ने आगे कहा, “यह आपकी नैतिक कमजोरी को दिखाता है कि जब पार्टी चुनाव हारती है, तो आप उस पार्टी, उस नेता और उस चुनाव चिह्न को ही छोड़ देते हैं, जिसके दम पर आप चुनाव जीतकर संसद पहुंचे हैं।”
इसे भी पढ़ें: क्या खत्म हो जाएगी Mamata की TMC? 28 में से 22 सांसदों की बगावत, Lok Sabha Speaker से करेंगे मुलाकात
कीर्ति आजाद ने दिया 10वीं अनुसूची का हवाला
पूर्व क्रिकेटर और टीएमसी सांसद कीर्ति आजाद ने कानूनी नियमों की बात करते हुए कहा, “यह पूरा मामला बिल्कुल साफ है। सुप्रीम कोर्ट की संवैधानिक बेंच ने इस पर फैसला दिया है और संविधान की 10वीं अनुसूची के अनुच्छेद 4 में भी इसका साफ जिक्र है कि पार्टी के भीतर अब किसी भी तरह का विभाजन मान्य नहीं हो सकता।”
महाराष्ट्र की सियासत का उदाहरण देते हुए उन्होंने आगे कहा, “महाराष्ट्र में जो कुछ भी हुआ था, वह पूरी तरह गलत था। इसलिए, हम इसी मामले को लेकर एक आवेदन के साथ यहां आए हैं और हमने स्पीकर को अपना पत्र सौंप दिया है। हमें पूरा भरोसा है कि लोकसभा स्पीकर नियमों और देश के संविधान के अनुसार ही सही फैसला लेंगे, जैसा कि वे अब तक करते आए हैं।”
Discover more from Hindi News Blogs
Subscribe to get the latest posts sent to your email.