भारतीय वायुसेना के ग्रुप कैप्टन अभिनंदन वर्धमान से जुड़ी बड़ी खबर सामने आई है। सामने आई जानकारी के अनुसार, अभिनंदन ने वायुसेना की नौकरी छोड़ दी है। खबर है कि अभिनंदन वर्धमान अब क्षेत्रीय एयरलाइन Fly91 के साथ पायलट के तौर पर जुड़ गए हैं। PTI ने सूत्रों के हवाले से इस बारे में खबर दी है। आपको बता दें कि अभिनंदन ने एक ऑपरेशन के दौरान पाकिस्तानी वायुसेना के F-16 लड़ाकू विमान को मार गिराया था। सूत्रों ने बताया है कि अभिनंदन ने अगस्त महीने में गोवा स्थित एयरलाइन के साथ पायलट के तौर पर काम शुरू कर दिया है।
एयरलाइन ने क्या बताया?
जानकारी के मुताबिक, अभिनंदन वर्धमान को लेकर Fly91 के प्रवक्ता ने अभी कोई भी बयान देने से इनकार कर दिया है। प्रवक्ता ने कहा है कि कर्मचारियों की पर्सनल जानकारी एक निजी मामला है। इस कारण एयरलाइन में अभिनंदन के रोल के बारे में अधिक डिटेल तत्काल सामने नहीं आ सकी है। आपकी जानकारी के लिए बता दें कि Fly91 ने साल 2024 के मार्च महीने में अपना परिचालन शुरू किया था। इस एयरलाइन के बेड़े में अभी 6 विमान हैं। Fly91 के दो परिचालन केंद्र हैं जो कि गोवा और हैदराबाद में हैं।
अभिनंदन ने पाकिस्तानी विमान को मार गिराया था
दरअसल, अभिनंदन वर्धमान साल 2019 में पाकिस्तानी वायुसेना के साथ हुए मुठभेड़ के बाद चर्चा में आए थे। फरवरी 2019 में पुलवामा आतंकी हमले के जवाब में भारतीय वायुसेना ने 26 फरवरी 2019 को पाकिस्तान के बालाकोट में आतंकी ठिकानों पर एयरस्ट्राइक की थी। इसके बाद पाकिस्तान ने भी भारत पर हमला करना चाहा। 27 फरवरी को पाकिस्तान ने अपने लड़ाकू विमान हमले के लिए भेजे। हालांकि, भारतीय वायुसेना ने उन्हें खदेड़ दिया। इस मुठभेड़ के दौरान अभिनंदन ने अपने मिग-21 लड़ाकू विमान से पाकिस्तान के F-16 फाइटर जेट को मार गिराया था। हालांकि, अभिनंदन का विमान भी क्रैश हो गया था। इसके बाद पाकिस्तान ने अभिनंदन को हिरासत में ले लिया था। लेकिन भारत सरकार के दवाब के कारण 3 दिन बाद पाकिस्तान ने अभिनंदन को छोड़ दिया।
अभिनंदन को मिला था वीर चक्र
साल 2021 में अभिनंदन को वीर चक्र से सम्मानित किया गया था। आपको बता दें कि वीर चक्र युद्धकाल में प्रदान किया जाने वाला देश का तीसरा सर्वोच्च वीरता पुरस्कार है। अभिनंदन को ‘कर्तव्य के प्रति असाधारण समर्पण’ का प्रदर्शन करने के लिए ये सम्मान दिया गया था। (इनपुट: भाषा)
ये भी पढ़ें- पंखे वाले विमानों से सुपरसोनिक जेट तक का सफर था कितना चुनौतीपूर्ण? स्वतंत्रता दिवस पर IAF ने पूर्व अधिकारी ने बताया
कहानी ‘ऑपरेशन सफेद सागर’ की, जिसने कारगिल जंग में विजय दिलाने में निभाई अहम भूमिका
function loadFacebookScript(){
!function (f, b, e, v, n, t, s) {
if (f.fbq)
return;
n = f.fbq = function () {
n.callMethod ? n.callMethod.apply(n, arguments) : n.queue.push(arguments);
};
if (!f._fbq)
f._fbq = n;
n.push = n;
n.loaded = !0;
n.version = ‘2.0’;
n.queue = [];
t = b.createElement(e);
t.async = !0;
t.src = v;
s = b.getElementsByTagName(e)[0];
s.parentNode.insertBefore(t, s);
}(window, document, ‘script’, ‘//connect.facebook.net/en_US/fbevents.js’);
fbq(‘init’, ‘1684841475119151’);
fbq(‘track’, “PageView”);
}
window.addEventListener(‘load’, (event) => {
setTimeout(function(){
loadFacebookScript();
}, 7000);
});
Discover more from Hindi News Blogs
Subscribe to get the latest posts sent to your email.