can diabetes patient keep roza in ramzan: रमजान का महीना शुरू हो गया है, ऐसे में लोगों का सवाल है कि क्या डायबिटीज, हार्ट, किडनी या अन्य कोई क्रॉनिक बीमारी से जूझ रहे मरीज रोजा रख सकते हैं? क्या रोजा के दौरान शुगर की जांच कर सकते हैं? आइए डॉक्टर कफील खान से जानते हैं, इस बारे में..
क्या हार्ट, किडनी और शुगर के मरीज रोजा रख सकते हैं?
Sugar patient Roza in Ramadan: रमजान का पाक महीना शुरू हो गया है और मुसलमान समुदाय से जुड़े अधिकांश लोग रोजा रखते हैं. चूंकि रोजा के दौरान करीब 11-12 घंटे तक बिना पानी की एक बूंद पीए और बिना कुछ खाए उपवास में रहना पड़ता है, ऐसे में जो लोग किसी क्रॉनिक, एक्यूट या लाइफस्टाइल संबंधी बीमारियों से जूझ रहे हैं, उनके लिए एक्सपर्ट से जानना जरूरी है कि क्या वे रोजा रख सकते हैं या नहीं? आइए इस बारे में डॉक्टर कफील खान से जानते हैं…
डॉ. कफील कहते हैं, ‘अक्सर लोग ये सवाल पूछते हैं कि उन्हें डायबिटीज है, क्या वे रोजा रख सकते हैं. कुछ लोग पूछते हैं कि वे हार्ट पेशेंट हैं या उन्हें किडनी की समस्या है, दवा भी लेनी होती है तो क्या वे इतने लंबे अंतराल तक बिना खाने और पानी के रोजा रख सकते हैं? मैं उन्हें यही सलाह देता हूं कि अगर आपको डायबिटीज है लेकिन आपका शुगर कंट्रोल में है तो आप आराम से रोजा रख सकते हैं लेकिन अगर ऐसा नहीं है तो कुछ बातों का एहतराम करना पड़ेगा.’
इन बातों का रखें ध्यान
.अगर आप शुगर की टेबलेट खाते हैं तो शाम को रोजा इफ्तार के तुरंत बाद सबसे पहले अपनी शुगर की गोली खाएं. अगर इंसुलिन लेते हैं तो इफ्तार के तुरंत बाद लॉन्ग एक्टिंग इंसुलिन लें और फिर सहरी तक खा सकते हैं.
. रोजा इफ्तार से लेकर सहरी के बीच में चूंकि आप खूब खा सकते हैं तो इस दौरान खाने से भी ज्यादा पानी का ध्यान रखें. इस पूरे समय में जितना हो सके खूब पानी पीएं, क्योंकि फिर आपको 12 घंटे से ज्यादा बिना पानी के रहना है.
. जब आप सुबह रोजा सहरी करें तो आपको ध्यान रखना है कि आपकी डाइट में भरपूर मात्रा में प्रोटीन हो और कॉम्प्लेक्स कार्बोहाइड्रेट हो. जैसे ओट्स, स्प्राउट्स, रोटी, अंडा, फल आदि होने चाहिए.
. रोजा इफ्तार के दौरान आप मिठाई, रूहअफजा, तली-भुनी चीजें, जंक फूड से परहेज करें.
. इफ्तार से लेकर सहरी तक आप खा सकते हैं लेकिन कोशिश करें कि उसे कई बार में थोड़ा-थोड़ा करके खाएं, न कि एक ही बार में बहुत ज्यादा खाएं.
. जिन लोगों की शुगर पिछले 6 महीने में बहुत कम हो गई है, या उन्हें डायबिटीज कीटोएसिडोसिस है या जिन्हें टाइप-1 डायबिटीज है, जिन्हें क्रॉनिक किडनी डिजीज है या हार्ट डिजीज है. जिनका शुगर अनियंत्रित रहता है यानि कभी बहुत हाई हो जाता है और कभी बहुत लो हो जाता है तो वे लोग रोजा न रखें.क्या ब्लड टेस्ट कर सकते हैं?
डॉ. कफील कहते हैं, ‘बहुत सारे लोग इस बात से आशंकित होते हैं कि रोजा के दौरान शुगर की जांच करें या नहीं तो आपको बता दूं कि आप रोजा के दौरान ग्लूकोमीटर से ब्लड टेस्ट कर सकते हैं, उससे आपका रोजा टूटता नहीं है. आप अपना शुगर जांचिए, अगर शुगर बहुत लो या हाई आती है तो अपना रोजा तोड़कर ब्रेकफास्ट कर लीजिए, क्योंकि अल्लाह सब जानता है और आपकी फिक्र करता है.’
अमर उजाला एनसीआर में रिपोर्टिंग से करियर की शुरुआत करने वाली प्रिया गौतम ने हिंदुस्तान दिल्ली में संवाददाता का काम किया. इसके बाद Hindi.News18.com में वरिष्ठ संवाददाता के तौर पर काम कर रही हैं. हेल्थ एंड लाइफस्…और पढ़ें