मार्च में अपराजिता से लगातार फूल लेने के लिए करें ये काम-
हार्ड प्रूनिंग करें
सर्दियों में, अपराजिता की बेल सुस्त हो जाती है, जिससे इसकी डालियां सूख जाती हैं. माली मार्च की शुरुआत में किसी भी सूखी और पीली डालियों को काटने की सलाह देते हैं. ऊपर से छंटाई करने से पेड़ को नई एनर्जी मिलती है और नई कोंपलें निकलने को बढ़ावा मिलता है याद रखें, फूल हमेशा नई डालियों पर ही आते हैं.
जड़ों की ‘गोड़ाई’ और खाद का जादू
मार्च में सूरज तेज़ हो जाता है, इसलिए मिट्टी की न्यूट्रिशन को बेहतर बनाना ज़रूरी है. ऐसा करने के लिए, गमले की मिट्टी को 2-3 इंच गहरा खोदें. अब, उसमें वर्मीकम्पोस्ट, एक चम्मच नीम की खली और आधा चम्मच एप्सम सॉल्ट मिलाएं. एप्सम सॉल्ट पौधों को हरा-भरा रखता है और मैग्नीशियम की कमी को पूरा करने में मदद करता है.
धूप और पानी का सही संतुलन
अपराजिता एक ‘सन-लविंग’ प्लांट है. इसके इसे ऐसी जगह रखें जहां कम से कम 5-6 घंटे की सीधी धूप मिले. छाया में रखने पर केवल पत्तियां बढ़ेंगी, फूल नहीं आएंगे. मार्च में मिट्टी जल्दी सूखती है. मिट्टी की ऊपरी परत सूखते ही पानी दें, लेकिन गमले में पानी रुकना नहीं चाहिए.
बीज न बनने दें
जब फूल सूख जाता है, तो वहां मटर जैसी फलियां (Seeds) बनने लगती हैं. अगर आपको बीज नहीं चाहिए, तो इन फलियों को तुरंत हटा दें. अगर पौधे में बीज बनने लगेंगे, तो वह अपनी पूरी ऊर्जा बीज बनाने में लगा देगा और फूल आना बंद हो जाएंगे.
मार्च में अपराजिता बेल को थोड़ा प्यार और सही पोषण देकर, आप पूरी गर्मियों में खूब सारे नीले और सफेद फूलों का मज़ा ले सकते हैं. आप इन फूलों का इस्तेमाल पूजा के लिए और “ब्लू टी” बनाने के लिए कर सकते हैं, जो आपकी सेहत के लिए नुकसानदायक नहीं है.
Disclaimer : इस खबर में दी गई जानकारी और सलाह एक्सपर्ट्स से बातचीत पर आधारित है. यह सामान्य जानकारी है, पर्सनल सलाह नहीं. इसलिए किसी भी सलाह को अपनाने से पहले एक्सपर्ट से सलाह जरूर लें. किसी भी नुकसान के लिए News-18 जिम्मेदार नहीं होगा.
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