MCD ने मंगलवार को सत्या निकेतन में हादसे वाली इमारत से सटी बिल्डिंग को नियंत्रित तरीके से तोड़ना शुरू कर दिया है। MCD अधिकारियों के मुताबिक, इस बिल्डिंग को खतरनाक घोषित किया गया था। मंगलवार शाम तक तोड़ने का काम रोक दिया गया। इसे बुधवार सुबह फिर शुरू किया जाएगा। सत्या निकेतन में रविवार को गिरी इमारत में कम से कम 7 लोगों की मौत हुई थी और 5 लोग घायल हुए थे। जिस बिल्डिंग को गिराया जा रहा है, उसमें छात्राओं के लिए पेइंग गेस्ट चल रहा था। पड़ोसी पांच मंजिला इमारत गिरने के बाद इसे खाली करा लिया गया था। इधर, इमारत गिरने के मामले में लेबर कॉन्ट्रैक्टर को उत्तर प्रदेश के कासगंज से पकड़ा गया है। यह इस मामले में चौथी गिरफ्तारी है। इससे पहले पीजी के मालिक हरिराम, उनकी पत्नी उर्मिला और बेटे महेश को पुलिस सोमवार को गिरफ्तार कर चुकी है। दंपती 14 दिन की, बेटा 2 दिन की रिमांड पर सोमवार रात इन तीनों को पटियाला हाउस कोर्ट में पेश किया गया। जस्टिस भव्य खराल ने हरिराम और उर्मिला को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में, जबकि महेश को 2 दिन की पुलिस हिरासत में भेज दिया है। पूरी दिल्ली में खतरनाक भवनों की जांच MCD ने सभी जोन के एग्जीक्यूटिव इंजीनियरों (बिल्डिंग) से अपने क्षेत्र की इमारतों का निरीक्षण कर 10 सितंबर तक रिपोर्ट देने को कहा है। सत्य निकेतन में रविवार को एक बिल्डिंग गिरने से 7 लोगों की मौत हुई थी और 6 लोग घायल हुए थे। इसी हादसे के बाद यह आदेश जारी किया गया है। जांच के दौरान जुटाई गई जानकारी को दिल्ली हाईकोर्ट में 10 दिन के भीतर दाखिल किए जाने वाले हलफनामे में शामिल किया जाएगा। सुनवाई 25 सितंबर को होगी। इधर, मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने हादसे में घायल लोगों से मुलाकात की और उनके लिए सहायता का ऐलान किया।
Discover more from Hindi News Blogs
Subscribe to get the latest posts sent to your email.