अक्सर जब बैंक ‘लोन मोरेटोरियम’ (Loan Moratorium) यानी EMI टालने की सुविधा देते हैं, तो कई लोग इसे ‘छूट’ समझ लेते हैं. लेकिन फाइनेंशियल एक्सपर्ट्स का मानना है कि यह कोई बचत नहीं, बल्कि भविष्य में और अधिक भुगतान करने का एक तरीका है.
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अगर आपकी होम लोन की EMI 45,000 रुपये है और आप 3 महीने के लिए इसे टालते हैं, तो आप 1.35 लाख रुपये बचा नहीं रहे हैं. बल्कि, इन तीन महीनों का ब्याज आपके लोन में जुड़ जाएगा. नतीजा? या तो आपकी EMI बढ़ जाएगी या फिर आपके लोन की टेन्योर महीनों या सालों के लिए लंबी हो जाएगी.
इमरजेंसी में करें इस्तेमाल
बैंकिंग और फाइनेंस एक्सपर्ट आकाश वर्मा के मुताबिक, मोरेटोरियम एक लाइफ जैकेट की तरह है, इसे तभी पहनें जब आप डूब रहे हों. अगर आपकी नौकरी चली गई है या कोई मेडिकल इमरजेंसी है, तब तो यह एक बेहतरीन टूल है. लेकिन अगर आप सिर्फ अपनी लाइफस्टाइल के लिए या हाथ में कैश रखने के लिए इसे चुन रहे हैं, तो यह एक महंगा सौदा साबित होगा.
कब लेना समझदारी है?
मोरेटोरियम तब सही है जब आपकी आय अस्थायी रूप से प्रभावित हुई हो जैसे:
- नौकरी चली गई हो.
- बिजनेस कुछ महीनों के लिए ठप हो गया हो.
- किसी बड़े क्लाइंट से भुगतान अटका हो.
- मेडिकल इमरजेंसी आ गई हो.
- ऐसे समय में कैश बचाना और घर की फाइनेंशियल स्टेबिलिटी बनाए रखना ज्यादा जरूरी है.
- लोन मोरेटोरियम आपको डिफॉल्ट होने या निवेश बेचने से बचा सकता है.
कब बन सकता है बोझ?
अगर आपकी आय की समस्या अस्थायी नहीं बल्कि लंबी है, तो मोरेटोरियम सिर्फ दबाव को आगे टालता है. ईएमआई दोबारा शुरू होने पर बोझ पहले से ज्यादा हो सकता है.
किन बातों का रखें ध्यान?
- होम लोन पर ज्यादा असर: चूंकि होम लोन लंबी अवधि के होते हैं, इसलिए ब्याज पर ब्याज लगने से इसका असर बहुत बड़ा होता है.
- क्रेडिट स्कोर का रखें ख्याल: बिना बैंक की औपचारिक मंजूरी के EMI मिस न करें, वरना आपका सिबिल (CIBIL) स्कोर खराब हो सकता है.
- नया शेड्यूल मांगें: मोरेटोरियम लेने से पहले बैंक से ‘रिवाइज्ड एमोर्टाइजेशन शेड्यूल’ मांगें. इसमें देखें कि कुल कितना एक्स्ट्रा ब्याज देना पड़ेगा.
फैसला कैसे लें?
एक्सपर्ट का कहना है कि अगर आपकी समस्या अस्थाई है, तो मोरेटोरियम लें. लेकिन अगर आपकी आमदनी और कर्ज में स्थाई असंतुलन है, तो यह ऑप्शन केवल समस्या को आगे के लिए टालना होगा, समाधान नहीं.
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प्रिंट मीडिया से करियर की शुरुआत करने के बाद पिछले 8 सालों से News18Hindi में बतौर सीनियर कॉपी एडिटर कार्यरत हैं. लगभग 4 सालों से बिजनेस न्यूज टीम का हिस्सा हैं. मीडिया में करीब डेढ़ दशक का अनुभव रखते हैं. बिजन…और पढ़ें
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