मेटा के खिलाफ बच्चों की सुरक्षा से जुड़े हजारों मुकदमों में से कैलिफोर्निया में इस सप्ताह शुरू होने वाली सुनवाई को सबसे महत्वपूर्ण मामलों में से एक माना जा रहा है। अमेरिका के कई राज्य मेटा से व्यापक वित्तीय हर्जाने की मांग कर रहे हैं जो सैद्धांतिक रूप से 1.4 लाख करोड़ अमेरिकी डॉलर तक हो सकता है। इसके अलावा राज्यों ने फेसबुक और इंस्टाग्राम के संचालन के तरीके में बदलाव की भी मांग की है।
मुकदमे में सोशल मीडिया कंपनी पर युवा मानसिक स्वास्थ्य संकट को बढ़ावा देने का आरोप लगाया गया है। राज्यों का कहना है कि मेटा ने जानबूझकर ऐसे फीचर तैयार किए, जिनसे बच्चे उसके प्लेटफॉर्म के आदी हो जाएं। मुकदमे में यह भी आरोप लगाया गया है कि मेटा नियमित रूप से 13 साल से कम उम्र के बच्चों का उनके माता-पिता की सहमति के बिना डेटा एकत्र करती है, जो संघीय कानून का उल्लंघन है।
मुकदमे में कहा गया है, ‘‘मेटा ने युवाओं और किशोरों को आकर्षित करने, जोड़े रखने और अंततः अपने जाल में फंसाने के लिए शक्तिशाली और अभूतपूर्व तकनीकों का इस्तेमाल किया है। उसका मकसद मुनाफा कमाना है।’’
दर्जनों राज्यों ने तीन साल पहले मुकदमा दायर किया था। मंगलवार से कैलिफोर्निया के ऑकलैंड की संघीय अदालत में शुरू होने वाले मुकदमे में चार राज्य—कैलिफोर्निया, कोलोराडो, केंटकी और न्यू जर्सी—वादी हैं।
अन्य 25 राज्यों में बाद में सुनवाई होने की उम्मीद है। मेटा ने आरोपों से इनकार किया है। कंपनी ने कहा कि सुनवाई के दौरान पेश किए जाने वाले साक्ष्य युवाओं की मदद के लिए उसकी प्रतिबद्धता को दर्शाएंगे।
कंपनी ने एक बयान में कहा, ‘‘हमने माता-पिता की बात सुनी है, विशेषज्ञों और कानून प्रवर्तन एजेंसियों के साथ काम किया है तथा उन मुद्दों को समझने के लिए गहन शोध किया है, जो सबसे अधिक महत्वपूर्ण हैं।’’
मेटा के लिए यह मामला बेहद महत्वपूर्ण है। कंपनी इस साल बच्चों और किशोरों को होने वाले नुकसान से जुड़े दो अहम मामलों में पहले ही हार चुकी है। कंपनी ने पिछले महीने मुनाफे में असामान्य गिरावट दर्ज की थी, जिसमें 2.4 अरब डॉलर के कानूनी खर्च की भी भूमिका रही।
मेटा ने एक कानूनी दस्तावेज में 1.4 लाख करोड़ डॉलर के संभावित हर्जाने का उल्लेख किया है। यह राशि कैलिफोर्निया के मेनलो पार्क स्थित कंपनी के कुल बाजार पूंजीकरण के लगभग बराबर है। इतनी बड़ी राशि का भुगतान कंपनी को दिवालिया कर सकता है और संभवतः उसके स्वामित्व को राज्यों के हाथों में पहुंचा सकता है।
मेटा ने हाल के वर्षों में नाबालिगों की सुरक्षा के लिए कई नए फीचर पेश किए हैं। वर्ष 2024 में कंपनी ने इंस्टाग्राम पर ‘टीन अकाउंट’ शुरू किए, जो निजी होते हैं और इनमें संदेश तथा सामग्री पर प्रतिबंध के साथ माता-पिता के लिए नियंत्रण के विकल्प भी हैं। पिछले सप्ताह जूरी चयन के दौरान संभावित जूरी सदस्यों से पूछा गया कि क्या वे मानते हैं कि मेटा ने युवाओं के मानसिक स्वास्थ्य संकट में योगदान दिया है और यदि हां, तो कितना।
कई लोगों ने माना कि कंपनी की भूमिका है, लेकिन उन्होंने माता-पिता की जिम्मेदारी भी मानी। कुछ ने कहा कि जलवायु परिवर्तन और दुनिया की मौजूदा स्थिति जैसे कारक भी बच्चों और किशोरों के मानसिक स्वास्थ्य को प्रभावित कर रहे हैं।
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