सुप्रीम कोर्ट ने पिछले महीने हुए छात्र विरोध प्रदर्शनों के दौरान हिंसा और पुलिस की ज्यादतियों के आरोपों की जांच के लिए एक हाई-पावर्ड कमेटी (HPC) बनाई है। इस कमेटी की अध्यक्षता सुप्रीम कोर्ट के पूर्व जज जस्टिस आर. सुभाष रेड्डी करेंगे। यह कमेटी प्रदर्शनकारियों द्वारा की गई हिंसा के आरोपों की भी जांच करेगी और यह देखेगी कि अधिकारियों द्वारा बल का प्रयोग कानूनी और उचित था या नहीं। इस कमेटी में पंजाब और हरियाणा हाई कोर्ट के पूर्व चीफ जस्टिस रवि शंकर झा, दिल्ली हाई कोर्ट की पूर्व जज जस्टिस शालिंदर कौर, CBI के पूर्व डायरेक्टर ऋषि कुमार शुक्ला और मेघालय के पूर्व DGP एलआर बिश्नोई शामिल हैं।
इसे भी पढ़ें: RBI के लिए Digital Payments के बीच नकदी की मांग का अनुमान कठिन: SC Murmu
सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि यह पैनल इसके सदस्यों की विशेषज्ञता, अनुभव और विविधता को ध्यान में रखकर बनाया गया है। कोर्ट ने भरोसा जताया कि पैनल की सिफारिशें मुद्दों का पूरी तरह से आकलन करने में कोर्ट की मदद करेंगी। खास बात यह है कि कोर्ट ने साफ़ किया कि HPC की जांच सिर्फ़ एक बार की प्रक्रिया नहीं होगी। यह मुद्दों का लगातार और समय-समय पर आकलन करेगी और कोर्ट को अंतरिम नतीजे सौंपेगी, जिससे कोर्ट ज़रूरी कदम उठा सके और ज़रूरत पड़ने पर निर्देश जारी कर सके।
Discover more from Hindi News Blogs
Subscribe to get the latest posts sent to your email.