अमेरिका के सुप्रीम कोर्ट ने ट्रंप के टैरिफ को गैरकानूनी बताया है, जिसके बाद राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का पहला रिएक्शन सामने आया है. ट्रंप ने सुप्रीम कोर्ट के फैसले की निंदा करते हुए इसे शर्मनाक बताया है. हालांकि अब तक इस फैसले पर व्हाइट हाउस की ओर से कोई औपचारिक टिप्पणी सामने नहीं आई है.
एनबीसी न्यूज ने सूत्रों के हवाले से बताया कि अमेरिकी राष्ट्रपति एक ग्रुप के साथ बैठक कर रहे थे, जब टैरिफ को लेकर सुप्रीम कोर्ट का फैसला आया. उन्होंने इस फैसले को शर्मनाक करार देते हुए वहां मौजूद लोगों से कहा कि उनके पास एक वैकल्पिक योजना है.
सुप्रीम कोर्ट ने क्या की टिप्पणी?
अदालत ने अपने फैसले में कहा कि 100 से ज्यादा देशों पर टैरिफ लगाते समय राष्ट्रपति ट्रंप ने अपने अधिकार क्षेत्र का उल्लंघन किया. उन्होंने राष्ट्रीय आपात स्थितियों में उपयोग के लिए बनाए गए कानून के तहत टैरिफ लगाए थे. अमेरिकी संविधान के अनुसार, टैक्स और टैरिफ लगाने का अधिकार राष्ट्रपति को नहीं बल्कि कांग्रेस (संसद) को मिला हुआ है. हालांकि, ट्रंप ने टैरिफ को एक प्रमुख आर्थिक और विदेश नीति उपकरण के रूप में इस्तेमाल किया. उन्होंने इन टैरिफ को अमेरिकी आर्थिक सुरक्षा के लिए महत्वपूर्ण बताया था. इसके अलावा ट्रंप ने भविष्यवाणी की थी कि टैरिफ के बिना देश बर्बाद हो जाएगा.
कोर्ट ने 6-3 से सुनाया टैरिफ पर फैसला
सुप्रीम कोर्ट का ये ऐतिहासिक फैसला 6-3 से आया है. ट्रंप पहले ऐसे राष्ट्रपति हैं, जिन्होंने 1970 के दशक के एक इमरजेंसी कानून का हवाला देकर 100 से ज्यादा देशों पर टैरिफ लगाया. इतना ही नहीं टैरिफ की धमकी देकर उन्होंने कई देशों के साथ ट्रेड डील भी की. इस कानून में कहीं भी ‘टैरिफ’ शब्द का जिक्र नहीं है. बहुमत की ओर से फैसला लिखते हुए मुख्य न्यायाधीश जॉन जी. रॉबर्ट्स जूनियर ने कहा कि यह कानून राष्ट्रपति को टैरिफ लगाने का अधिकार नहीं देता.
क्या होगा ट्रंप का अगला कदम?
यह मामला पहले निचली अदालतों में गया था, जहां से ट्रंप को झटका लगा. उसके बाद ट्रंप प्रशासन ने सुप्रीम कोर्ट का रुख किया था. अब यहां भी ट्रंप को मुंह की खानी पड़ी है. अब देखना होगा कि टैरिफ पर बचाव के लिए ट्रंप का अगला कदम क्या होगा.
Discover more from Hindi News Blogs
Subscribe to get the latest posts sent to your email.