अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और स्ट्रीमिंग दिग्गज नेटफ्लिक्स के बीच तनाव चरम पर पहुंच गया है। ट्रंप ने नेटफ्लिक्स से अपनी बोर्ड मेंबर सुसान राइस को तुरंत नौकरी से निकालने को कहा है। ट्रंप ने चेतावनी दी है कि अगर कंपनी ऐसा नहीं करती है, तो उसे इसके नतीजे भुगतने होंगे।
विवाद की असली वजह
सुसान राइस ने हाल ही में एक पॉडकास्ट में उन कंपनियों और संगठनों को चेतावनी दी थी जो ट्रंप के प्रति वफादारी दिखा रहे हैं। राइस ने कहा कि जो कॉर्पोरेशन, न्यूज चैनल और लॉ फर्में ट्रंप के सामने ‘घुटने टेक रहे हैं’, उन्हें आने वाले समय में डेमोक्रेटिक पार्टी की सत्ता वापसी पर जवाबदेह ठहराया जाएगा। उन्होंने साफ कहा कि अगर इन कंपनियों को लगता है कि डेमोक्रेट्स पुराने नियमों से चलेंगे, तो वे गलतफहमी में हैं।
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कौन हैं सुसान राइस?
सुसान राइस अमेरिका की एक प्रभावशाली नेता रही हैं। वे पूर्व राष्ट्रपति बराक ओबामा के समय नेशनल सिक्योरिटी एडवाइजर और संयुक्त राष्ट्र में राजदूत रह चुकी हैं। उन्होंने जो बाइडेन के प्रशासन में भी काम किया है और 2023 में वे दोबारा नेटफ्लिक्स के बोर्ड में शामिल हुईं।
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ट्रंप की धमकी
ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया पोस्ट में यह साफ नहीं किया है कि नेटफ्लिक्स को क्या सजा दी जाएगी। हालांकि, उनके प्रशासन के अधिकारी पहले भी कुछ नेटवर्क्स के ब्रॉडकास्ट लाइसेंस छीनने की धमकी दे चुके हैं। यह विवाद ऐसे समय में आया है जब नेटफ्लिक्स एक बड़ी बिजनेस डील (वार्नर ब्रदर्स डिस्कवरी को खरीदने की रेस) में शामिल है। फिलहाल नेटफ्लिक्स की ओर से इस मामले पर कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है, लेकिन ट्रंप की इस धमकी ने अमेरिकी कॉर्पोरेट जगत में हलचल मचा दी है।
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