- कॉपी लिंक
पीएम मोदी ने गुरुवार को केंद्रीय सचिवों के साथ बैठक की। पीएमओ के बयान के मुताबिक, मोदी ने अधिकारियों से कहा कि वे यूनिवर्सिटी और युवाओं से जुड़ें। ताकि नीतियां बनाने में नए आइडिया मिल सकें।
पिछले महीने दिल्ली के जंतर-मंतर और देश के दूसरे हिस्सों में NEET पेपर लीक को लेकर छात्रों के प्रदर्शन के बाद सरकार युवाओं को तरजीह दे रही है।
पीएम ने कई बार सोशल मीडिया के जरिए छात्रों को संदेश दिया। इन प्रदर्शनों के चलते धर्मेंद्र प्रधान ने शिक्षा मंत्री के पद से इस्तीफा दिया था।
पीएम बोले- अधिकारी अपनी जिम्मेदारी अच्छे से निभाएं

मोदी ने X पर बताया कि सचिवों के साथ बैठक में बुनियादी ढांचे, कनेक्टिविटी, सुरक्षा और विदेश मामलों से जुड़े मंत्रालयों के काम पर चर्चा हुई।
प्रधानमंत्री ने कहा कि सचिवों को आज की समस्याओं और आंकड़ों पर ध्यान देने के साथ देश के भविष्य के बारे में भी सोचना चाहिए।
पीएम बोले- AI की निगरानी जरूरी, इनोवेशन बढ़े

शिक्षा और युवा: सरकार, यूनिवर्सिटी और युवाओं के बीच ज्यादा संवाद हो, ताकि नीतियों में नए और अलग विचार शामिल किए जा सकें।
इंफ्रास्ट्रक्चर और कनेक्टिविटी: मंत्रालयों के बीच बेहतर तालमेल के साथ भविष्य की जरूरतों के हिसाब से इंफ्रास्ट्रक्चर और कनेक्टिविटी पर काम करने को कहा।
सुरक्षा और विदेश नीति: सुरक्षा और विदेश मामलों से जुड़े मंत्रालयों के लिए आगे की कार्ययोजना पर चर्चा की।
डेटा और AI: डेटा और AI का बेहतर इस्तेमाल करने पर जोर दिया। AI में मानवीय निगरानी और निर्णय को जरूरी बताया।
रिसर्च और इनोवेशन: सभी क्षेत्रों, खासकर डिफेंस सेक्टर, में रिसर्च और इनोवेशन बढ़ाने की बात कही।
डिफेंस: रक्षा क्षेत्र में रिसर्च बढ़ाकर भारत को वैश्विक स्तर पर ज्यादा प्रतिस्पर्धी बनाने पर जोर दिया।
मैरिटाइम सेक्टर: समुद्री क्षेत्र को मजबूत करने के लिए व्यापक रणनीति बनाने की जरूरत बताई।
शिपबिल्डिंग: शिपबिल्डिंग को इंफ्रास्ट्रक्चर का दर्जा मिलने के बाद यह देखने को कहा कि इससे तय लक्ष्य पूरे हो रहे हैं या नहीं।
पोर्ट्स: सिर्फ पोर्ट बनाने के बजाय ‘पोर्ट-लेड डेवलपमेंट’ पर फोकस करने की बात कही।
मैन्युफैक्चरिंग और एक्सपोर्ट: मैन्युफैक्चरिंग यूनिट्स और एक्सपोर्ट यूनिट्स को बेहतर कनेक्टिविटी देने पर जोर दिया।
पेपर लीक पर छात्र आंदोलन के बाद PM इंस्टाग्राम पर एक्टिव हुए

——————————-
ये खबर भी पढ़ें…
मोदी बोले- दिमागी नक्सलियों को पहचानें, उन्हें अलग करें: ये समाज को भटका रहे

80वें स्वतंत्रता दिवस के मौके पर पीएम मोदी ने लाल किले पर 75 मिनट की स्पीच दी थी। पीएम ने कहा था- ‘हथियारी नक्सल तो चले गए, लेकिन दिमागी नक्सल मौके की तलाश में हैं। समाज को गलत राह पर ले जाने के लिए तरह-तरह के काम कर रहे हैं।’ पूरी खबर पढ़ें…
Discover more from Hindi News Blogs
Subscribe to get the latest posts sent to your email.
