निसान मोटर इंडिया के लिए जुलाई, 2026 का महीना बिक्री के लिहाज से बेहद शानदार रहा है। बता दें कि कंपनी ने घरेलू मार्केट में 218 पर्सेंट की बढ़ोतरी के साथ 4,518 गाड़ियों की थोक बिक्री दर्ज की है।
ताबड़तोड़ बिकी टेक्टॉन
निसान की इस बिक्री में सबसे बड़ा योगदान उसकी नई एसयूवी टेक्टॉन का रहा। इसे 20 जुलाई से ग्राहकों को डिलीवर किया जाना शुरू किया गया था। महज 10-12 दिनों की बिक्री में ही इस कार ने कंपनी के आंकड़ों को काफी ऊपर पहुंचा दिया। टेक्टॉन की शुरुआती कीमत 10.49 लाख रुपये रखी गई है। जबकि इसके टॉप पावरफुल T280 वैरिएंट की शुरुआती कीमत 14.99 लाख रुपये है। इस सेगमेंट में टेक्टॉन का मुकाबला सीधे तौर पर हुंडई क्रेटा, किआ सेल्टोस और रेनॉल्ट डस्टर जैसी लोकप्रिय एसयूवी से हो रहा है।
ग्रेवाइट का भी खूब योगदान
कंपनी की बिक्री में सुधार सिर्फ टेक्टॉन के आने से नहीं हुआ। इससे पहले आई 7-सीटर कार ग्रेवाइट (Gravite) ने भी इसमें बड़ी भूमिका निभाई है। बता दें कि जून, 2026 में ही कंपनी ने 3,006 गाड़ियां बेची थीं। इसमें अकेले ग्रेवाइट की 1,839 यूनिट्स शामिल थीं। केवल 5.65 लाख रुपये की शुरुआती कीमत पर 7-सीटर स्पेस देने के कारण इस कार को फैमिली बायर्स खूब पसंद कर रहे हैं। ग्रेवाइट के आने से निसान की सिर्फ मैग्नाइट पर निर्भरता काफी हद तक कम हुई है।
क्या है कंपनी की स्ट्रैटजी
कंपनी की बिजनेस स्ट्रैटेजी में अब काफी बड़ा और सकारात्मक बदलाव आया है। पहले निसान सिर्फ अपनी कॉम्पैक्ट एसयूवी मैग्नाइट के भरोसे भारतीय मार्केट में टिकी हुई थी। अब निसान के पास कॉम्पैक्ट एसयूवी (मैग्नाइट), किफायती 7-सीटर एमपीवी (ग्रेवाइट) और मिड-साइज एसयूवी (टेक्टॉन) तीनों बड़े सेगमेंट में मजबूत गाड़ियां मौजूद हैं। तीन अलग-अलग मॉडल्स होने से कंपनी के डीलर्स को भी अब नए ग्राहक जुटाने में काफी मदद मिल रही है और शोरूम्स में रौनक लौट आई है।
क्या है कंपनी का लक्ष्य?
भले ही निसान की बिक्री में 218 पर्सेंट का उछाल देखने को मिला हो, लेकिन कंपनी का असली लक्ष्य अभी दूर है। निसान भारत से हर साल 2 लाख गाड़ियां (घरेलू और एक्सपोर्ट मिलाकर) बेचने का लक्ष्य लेकर चल रही है। जुलाई के आंकड़ों के हिसाब से कंपनी सालाना 54,000 यूनिट्स ही बेच पाएगी, जो घरेलू लक्ष्य से कम है। निसान को भारतीय मार्केट में मजबूती से टिके रहने के लिए टेक्टॉन और ग्रेविाइट की बिक्री की इस रफ्तार को आगे भी इसी तरह बनाए रखना होगा।
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