मंत्रालय ने बताया कि 165 बैलिस्टिक मिसाइलों में से 152 को हवा में ही नष्ट कर दिया गया, जबकि 13 समुद्र में गिरीं. इसके अलावा, 2 क्रूज मिसाइलों को भी मार गिराया गया. 541 ड्रोन में से 506 को नष्ट कर दिया गया, जबकि 35 ड्रोन देश के अंदर गिरे, जिससे कुछ जगहों पर संपत्ति को नुकसान हुआ. हमले में 3 लोगों की मौत हुई है, जिनमें पाकिस्तान, नेपाल और बांग्लादेश के नागरिक शामिल हैं. इसके अलावा 58 लोगों को चोटें आई हैं. घायलों में यूएई, मिस्र, इथियोपिया, फिलीपींस, पाकिस्तान, ईरान, भारत, बांग्लादेश, श्रीलंका, अज़रबैजान, यमन, युगांडा, इरिट्रिया, लेबनान और अफगानिस्तान के नागरिक शामिल हैं.
हमलों के बाद दहशत का माहौल
IRGC की ओर से किए गए इस लार्ज स्केल अटैक में मनामा, येरुशलम और तेल अवीव को भी निशाना बनाया गया है. दर्जनों मिसाइल अटैक में कई लोगों की मौत हो गई. यूएई के रक्षा मंत्रालय ने कहा कि मिसाइलों और ड्रोन को हवा में मार गिराने के दौरान उनका मलबा अलग-अलग इलाकों में गिरा, जिससे कुछ नागरिक संपत्तियों को हल्का और मध्यम नुकसान पहुंचा. सुरक्षा बल पूरी तरह सतर्क हैं और किसी भी खतरे से निपटने के लिए तैयार हैं. नागरिकों और निवासियों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा रही है. वहीं फॉरेन, कॉमनवेल्थ और डेवलपमेंट ऑफिस ने बहरीन, कुवैत, कतर और संयुक्त अरब अमीरात में रह रहे ब्रिटिश नागरिकों से घर के अंदर सुरक्षित रहने की अपील की है.शनिवार तक ईरान ने ओमान पर हमला नहीं किया था, हालांकि रविवार को ओमान के डुक्म स्थित एक व्यावसायिक बंदरगाह पर दो ड्रोन से हमला किया गया.
‘इस्लाम के खिलाफ युद्ध है ये हमला’
ईरान के राष्ट्रपति मसूद पजेश्कियन ने अयातुल्ला खामेनेई की हत्या को मुसलमानों के खिलाफ युद्ध की घोषणा बताया है. उन्होंने कहा कि इस ऐतिहासिक अपराध के जिम्मेदार लोगों और साजिशकर्ताओं से बदला लेना ईरान का वैध अधिकार और कर्तव्य है. ईरान के विदेश मंत्री अराघची ने इन हमलों पर बात करते हुए कहा- ‘हमें पता है कि हमारे पड़ोसी हमसे नाराज हैं. मैं सोचता हूं कि काश वो समझ पाते कि जो कुछ खाड़ी में हो रहा है, उसमें हमारी गलती नहीं है. उन्हें अमेरिका-इजरायल से गुस्सा होना चाहिए. उन्हें हम पर प्रेशर डालने के बजाय उन पर दबाव बनाना चाहिए.’
Discover more from Hindi News Blogs
Subscribe to get the latest posts sent to your email.