दिल्ली में भारत के विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर के साथ हुई संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस में अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रूबियो ने ईरान और खाड़ी क्षेत्र के हालातों पर बड़ा बयान दिया। उन्होंने कहा, “ईरान की स्थिति को लेकर मेरा मानना है कि आज इस विषय पर कुछ ही देर में और भी खबरें सामने आ सकती हैं। हालांकि इस पर आगे की कोई भी बड़ी घोषणा करने का काम मैं अपने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप पर छोड़ता हूं।”
उन्होंने आगे बताया कि दोनों पक्षों के बीच बातचीत में काफी महत्वपूर्ण प्रगति हुई है, लेकिन अभी इसे आखिरी फैसला नहीं माना जा सकता। रूबियो ने दुनिया को याद दिलाते हुए कहा कि अमेरिका का अंतिम लक्ष्य यही सुनिश्चित करना है कि ईरान के पास कभी भी परमाणु हथियार न हों और वह इन्हें कभी हासिल न कर पाए।
इसे भी पढ़ें: भारत-अमेरिका दोनों देशों में मौजूद हैं बेवकूफ लोग, USA में Racism पर बोले Marco Rubio
अंतरराष्ट्रीय जहाजों को डराना पूरी तरह गैर-कानूनी
मार्को रूबियो ने होर्मुज जलडमरूमध्य का जिक्र करते हुए ईरान के रुख की कड़ी आलोचना की। उन्होंने कहा, “होर्मुज जलडमरूमध्य एक अंतरराष्ट्रीय जलमार्ग है। ईरान अभी वहां जो कुछ भी कर रहा है, वह असल में अंतरराष्ट्रीय जलमार्ग का इस्तेमाल करने वाले व्यापारिक जहाजों को तबाह करने की धमकी देना है। यह हरकत अंतरराष्ट्रीय कानून के किसी भी नियम के तहत पूरी तरह से गैर-कानूनी है।”
इसे भी पढ़ें: भारत टारगेट नहीं, US Visa Policy में बदलाव के बीच Marco Rubio ने की Indians की तारीफ
बिना किसी टोल के खुलेगा होर्मुज जलडमरूमध्य
खाड़ी देशों के साथ चल रही बातचीत की जानकारी देते हुए अमेरिकी विदेश मंत्री ने कहा, “पिछले 48 घंटों में खाड़ी क्षेत्र में मौजूद हमारे सहयोगियों के साथ मिलकर एक नए फ्रेमवर्क पर काम किया गया है और इसमें अच्छी प्रगति हुई है। अगर हमारा यह प्लान पूरी तरह सफल रहता है, तो इसका आखिरी नतीजा यह होगा कि हमें न केवल पूरी तरह से खुला हुआ होर्मुज जलडमरूमध्य मिलेगा, बल्कि यह रास्ता बिना किसी टोल के पूरी दुनिया के व्यापार के लिए हमेशा खुला रहेगा।”
Discover more from Hindi News Blogs
Subscribe to get the latest posts sent to your email.