ईरान के सर्वोच्च नेता के भारत में प्रतिनिधि के उप-प्रतिनिधि डॉ. मोहम्मद हुसैन जियायेनिया आज सचखंड श्री हरिमंदिर साहिब पहुंचे और नतमस्तक हुए। इस मौके पर उन्होंने शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक समिति (SGPC) के अधिकारियों से मुलाकात की और SGPC अध्यक्ष एडवोकेट हरजिंदर सिंह धामी तथा श्री अकाल तख्त साहिब के जत्थेदार को दिल्ली में होने वाले विशेष कार्यक्रम के लिए आमंत्रित किया। डॉ. जियायेनिया ने बताया कि 12 अप्रैल को दिल्ली स्थित ईरान कल्चर हाउस में ईरान के आयतुल्लाह सैय्यद अली हुसैन खामेनेई की शहादत के 40वें दिन उनकी याद में कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि सिख धर्म और इस्लाम में ‘शहादत’ का महत्व अत्यंत गहरा है और दोनों धर्म मानते हैं कि शहीद हमेशा अमर रहता है। डॉ. जियायेनिया ने पंजाब विधानसभा द्वारा ईरान के समर्थन में पास किए गए प्रस्ताव की सराहना की और भारत-ईरान के 5,000 साल पुराने संबंधों का उल्लेख किया। उन्होंने पश्चिम एशिया की वर्तमान स्थिति पर तीखी प्रतिक्रिया दी और कहा कि ईरान स्थायी शांति चाहता है, लेकिन पिछले वर्षों में हुए हमलों में उसके मासूम बच्चों, स्कूलों और अस्पतालों को निशाना बनाया गया। अमेरिका को 10 दिन की चेतावनी उन्होंने अमेरिका के दावों पर हमला करते हुए कहा कि जो व्यक्ति दिन में ईरान को नक्शे से मिटाने की बातें करता है, वह रात में युद्ध रोकने की भीख मांगता है। डॉ. जियायेनिया ने स्पष्ट किया कि ईरान ने अमेरिका को अपनी 10 शर्तों को मानने के लिए 10 दिन की मोहलत दी है। यदि 10 दिनों के भीतर शर्तें नहीं मानी गईं और नुकसान की भरपाई नहीं हुई, तो ईरान 11वें दिन अमेरिका और इजराइल पर पहले से 100 गुना अधिक मिसाइलों से हमला करेगा।
Discover more from Hindi News Blogs
Subscribe to get the latest posts sent to your email.