- कॉपी लिंक
पीएम मोदी 9 जून 2024 को तीसरी बार प्रधानमंत्री पद की शपथ ली थी।
अगर आज लोकसभा चुनाव होते हैं, तो BJP के नेतृत्व वाले NDA को लोकसभा में 543 में से 326 सीटें मिल सकती हैं। इंडिया टुडे के ‘मूड ऑफ द नेशन’ (MOTN) सर्वे के मुताबिक, NDA अभी भी मजबूत स्थिति में है। हालांकि, उसकी लोकप्रियता में कमी के संकेत भी दिख रहे हैं।
अभी चुनाव हुए थो भाजपा को 261 सीटें मिल सकती हैं। साल 2024 के लोकसभा चुनावों में NDA ने 293 सीटें जीती थीं। खुद BJP की सीटें 303 से घटकर 240 हो गई थीं।

जनवरी के सर्वे से 26 सीटें कम
NDA अब अपने 12वें साल में है। जनवरी में हुए पिछले MOTN सर्वे में NDA को 352 सीटें मिलने का अनुमान लगाया गया था।
इस बार का अनुमान पिछले सर्वे से 26 सीटें कम है। जनवरी के सर्वे की तुलना में इंडिया ब्लॉक की सीटों में कोई खास बढ़ोतरी होने की संभावना नहीं है। इस सर्वे में कांग्रेस के नेतृत्व वाले गठबंधन को 185 सीटें मिलने का अनुमान लगाया गया है, वहीं जनवरी में 182 सीटों का अनुमान लगाया गया था।
इंडिया टुडे ग्रुप लगभग दो दशकों से यह सर्वे करवा रहा है। यह साल में दो बार (जनवरी और अगस्त) होता है। अगस्त 2026 का सर्वेक्षण C-VOTER द्वारा किया गया है।
वोट शेयर के मामले में, एनडीए को जनवरी के MOTN (47%) से मामूली गिरावट (45.1%) देखने की संभावना है। यह अगस्त 2025 के सर्वे के बाद से सबसे कम है, जिसमें 46.7% वोट शेयर का अनुमान लगाया गया था। एनडीए को 2024 के चुनावों में 44% वोट मिले थे।
पीएम पद की रेस में मोदी अभी भी पहली पसंद
MOTN सर्वे के मुताबिक, पीएम नरेंद्र मोदी अभी भी प्रधानमंत्री पद की रेस में लोगों की पहली पसंद बने हुए हैं। सर्वे में 48.7% लोगों ने उन्हें अपनी पहली पसंद बताया। वहीं, राहुल गांधी 27.1% के साथ दूसरे नंबर पर हैं। इस लिस्ट में कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके (1.3%) का नाम भी शामिल है।

47% लोगों ने माना राम मंदिर विवाद का नकारात्मक असर होगा- सर्वे
सर्वे के मुताबिक, उत्तर प्रदेश की 80 लोकसभा सीटों में से ‘इंडिया’ ब्लॉक को 41 और एनडीए को 38 सीटें मिलने का अनुमान है।
वोट शेयर की बात करें तो एनडीए को 42% वोट मिल सकते हैं, जिसमें जनवरी सर्वे के मुकाबले 5% की गिरावट आई है। वहीं ‘इंडिया’ ब्लॉक को 40% वोट मिलने का अनुमान है, जो जनवरी से 2% कम है।
अयोध्या में राम मंदिर चंदा चोरी विवाद पर 47% लोगों का मानना है कि इसका नकारात्मक असर मोदी और योगी दोनों सरकारों पर पड़ा है। वहीं 8% लोगों ने माना कि इसका असर सिर्फ केंद्र पर पड़ा, जबकि 7% की राय में इसका असर सिर्फ यूपी सरकार पर पड़ा है।

2027 में 7 राज्यों में चुनाव, 22% वोटर जेन-जी
अगले साल 7 राज्यों- उत्तर प्रदेश, गुजरात, पंजाब, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, मणिपुर और गोवा में विधानसभा चुनाव होने हैं। इन चुनावों में जेन-जी यानी 18 से 29 साल के मतदाता अहम भूमिका निभा सकते हैं।
इसके पीछे दो बड़ी वजहें हैं। पहली, जुलाई में दिल्ली में हुआ जेन-जी आंदोलन, जिसने युवाओं के राजनीतिक रुझान को लेकर नई बहस छेड़ी। दूसरी, बिहार के बांकीपुर और मध्य प्रदेश के दतिया उपचुनाव के चौंकाने वाले नतीजे, जिनसे युवाओं की चुनावी भूमिका पर चर्चा तेज हुई है।
राजनीतिक विश्लेषकों के मुताबिक, चुनावी समीकरण में महिला, पिछड़ा, किसान और दलित जैसे वर्गों के साथ अब जेन-जी भी एक अहम वोटर ग्रुप बनता जा रहा है। इन 7 चुनावी राज्यों में करीब 22% मतदाता 18 से 29 साल की उम्र के हैं। ऐसे में युवा वोट किसी भी पार्टी के चुनावी समीकरण को बदल सकता है।

————————
ये खबर भी पढ़ें…
भाजपा IT सेल से मालवीय बाहर, केमिस्ट्री प्रोफेसर म्हस्के संभालेंगे:नितिन नवीन की टीम में राम माधव-स्मृति ईरानी का कमबैक; यूपी से दो मुस्लिम चेहरे

भाजपा अध्यक्ष नितिन नवीन ने पद संभालने के 209 दिन बाद सोमवार को 65 सदस्यों की कार्यकारिणी का ऐलान कर दिया। राम माधव को उपाध्यक्ष और स्मृति ईरानी को महासचिव बनाकर वापस लाया गया है। पूरी खबर पढ़ें…
Discover more from Hindi News Blogs
Subscribe to get the latest posts sent to your email.
