आजकल भागदौड़ भरी जिंदगी से सुकून पाने और कुदरत की खूबसूरती को करीब से देखने का मन हर किसी का करता है। लेकिन अक्सर लोगों को लगता है कि पहाड़ों या वादियों में घूमना जेब पर भारी पड़ सकता है। कई बार बजट की वजह से ही लोग घूमने नहीं जा पाते। अगर आप भी ऐसा सोचते हैं, तो अपनी सोच बदल लीजिए। अब कम बजट में भी भारत की हसीन वादियों का लुत्फ उठाया जा सकता है। अगर आप जेब ढीली किए बिना वादियों की सैर करना चाहते हैं, तो इन खूबसूरत और बजट-फ्रेंडली डेस्टिनेशन्स को एक्सप्लोर कर सकते हैं।
कसोल, हिमाचल प्रदेश
हिमाचल प्रदेश की पार्वती घाटी में बसा कसोल बजट फ्रेंडली टूरिस्ट और बैकपैकर्स की पहली पसंद है। नदी किनारे बसे इस छोटे से गांव में आपको खूबसूरत पहाड़, शांत माहौल और इजरायली व्यंजन चखने का मौका मिलेगा। दिल्ली या चंडीगढ़ से कसोल के लिए सीधी बसें आसानी से मिल जाती हैं। यहां 400 से 800 रुपये में हॉस्टल या होमस्टे मिल जाते हैं। यहां आप मणिकर्ण साहिब, खीरगंगा ट्रेक और तोष गांव जैसी जगहों पर जा सकते हैं।
मैक्लॉडगंज और धर्मकोट, हिमाचल प्रदेश
कांगड़ा जिले में स्थित मैक्लॉडगंज और उसके पास बसा धर्मकोट अपनी तिब्बती संस्कृति और प्राकृतिक सुंदरता के लिए प्रसिद्ध हैं। धौलाधार पहाड़ियों की गोद में बसा यह शहर शांति और ट्रैकिंग के शौकीनों के लिए बेस्ट है। लोकल ट्रांसपोर्ट के लिए शेयरिंग कैब या पैदल रास्तों का आप इस्तेमाल कर सकते हैं। यहां कैफे का खाना स्वादिष्ट होने के साथ-साथ काफी किफायती भी होता है। यहां भागसूनाग झरना, नामग्याल मठ, और ट्रियुंड ट्रेक जरूर एक्सप्लोर करें।
लैंसडाउन, उत्तराखंड
अगर आप भीड़-भाड़ से दूर किसी शांत और बजट-फ्रेंडली हिल स्टेशन की तलाश में हैं, तो लैंसडाउन सबसे अच्छा ऑप्शन हो सकता है। गढ़वाल राइफल्स का सैन्य केंद्र होने के कारण यह जगह बेहद साफ-सुथरी और शांत है। दिल्ली-एनसीआर के लोगों के लिए यह वीकेंड गेटवे है। बस या ट्रेन से यहां का सफर काफी सस्ता पड़ता है। यहां आप टिप-इन-टॉप व्यू पॉइंट, भुल्ला ताल झील और संतोषी माता मंदिर जा सकते हैं।
चकराता, उत्तराखंड
देहरादून के पास स्थित चकराता एक ऑफबीट हिल स्टेशन है। देहराधुन से शेयरिंग कैब या लोकल बस लेकर आप बहुत कम खर्च में पहुंच सकते हैं। यहां रहना और खाना दोनों ही पॉकेट-फ्रेंडली हैं। यहां का मुख्य आकर्षण टाइगर फॉल, चीलमिरी नेक और चारों तरफ फैले घने जंगल है।
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