साल 2024, दिलजीत दोसांझ ने ‘दिल लुमिनाटी’ नाम से वर्ल्ड टूर शुरू किया। भारत में आयोजित उनके इस टूर के टिकट कई शहरों में कुछ ही मिनटों में बिक गए। हालत यह हो गई कि अलग से शो तक जोड़ने पड़े। दिलजीत भले ही आज देश और दुनिया में पंजाबी संगीत का ग्लोबल चेहरा बन गए हों, लेकिन शुरुआती जीवन बेहद संघर्षपूर्ण था। हाल ही में एक पॉडकास्ट ‘Q with tom power’ में बताया कि उनका परिवार बेहद गरीब था- इतना कि अगर कोई बीमार पड़ जाए तो डॉक्टर को देने तक के पैसे नहीं होते थे। इसलिए बचपन से ही एक लक्ष्य था कि अमीर और मशहूर बनना है। हाल ही में इंस्टाग्राम लाइव के दौरान उन्होंने बताया एक समय ऐसा भी आया जब वे जिंदगी खत्म करने के बारे में सोचने लगे थे। इसकी प्लानिंग भी कर ली थी, लेकिन मां से मिलने के बाद उन्होंने विचार त्याग दिया। फैंस प्यार से उन्हें अर्बन पेंडू भी बुलाते हैं। अर्बन का हिंदी मतलब है शहरी और पेंडू का मतलब गांव से है यानी फैंस उन्हें शहरी और देहाती का मिश्रण मानते हैं। दिलजीत फिटनेस को लेकर बेहद सतर्क रहते हैं। वे बताते हैं कि उनका दिन सुबह 4 बजे शुरू होता है। उन्हें खाना बनाने का भी शौक है। इसे कोविड के दौरान सीखा। इसके कई वीडियो पंजाबी कॉमेंट्री के साथ सोशल मीडिया पर भी शेयर कर चुके हैं। फिल्म निर्देशक इम्तियाज अली ने बताया दिलजीत सिर्फ अच्छे अभिनेता या बेहतरीन गायक ही नहीं हैं, बल्कि उनके अंदर एक गहरी आध्यात्मिकता भी है। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार जन्म के समय उनका नाम ‘दलजीत’ रखा गया था, लेकिन जब पहला एलबम रिकॉर्ड हुआ तो टी-सीरीज की सहायक कंपनी फाइनटोन के राजिंदर सिंह के कहने पर उन्होंने अपना नाम बदलकर ‘दिलजीत’ कर लिया। दलजीत का जन्म 6 जनवरी 1984 में पंजाब के परिवार में हुआ, परिवार में पत्नी- संदीप कौर और एक बेटा है, संपत्ति करीब 380 करोड़ रु. अनुमानित है। चर्चा में क्यों – हाल ही में उनकी फिल्म ‘सतलुज’ ओटीटी पर रिलीज हुई थी, जिसे हटा दिया गया है। इसे लेकर कई तरह की प्रतिक्रियाएं हो रही हैं। पंजाब रोडवेज में ड्राइवर थे पिता दिलजीत के पिता बलबीर सिंह पंजाब रोडवेज में ड्राइवर थे, जिन्हें 5 हजार रु. वेतन मिलता था। ऐसे में उन्होंने दिलजीत को बेहतर शिक्षा के लिए मामा के घर लुधियाना भेज दिया। मामा जाने-माने कीर्तनकार थे। यहीं से दिलजीत में संगीत के प्रति रुझान जागा। पढ़ाई में दिलजीत का मन नहीं लगता था, ऐसे में दसवीं के बाद पढ़ाई छोड़ दी। वॉर्नर म्यूजिक ने इनके साथ की है पार्टनरशिप – 2011 में उनका ‘लक 28 कुड़ी दा’ गाना बीबीसी एशियन डाउनलोड चार्ट में लगातार दो हफ्ते टॉप पर रहने वाला पहला गैर-बॉलीवुड पंजाबी गाना था। – वे पहले पंजाबी कलाकार हैं, जिनके साथ ग्लोबल म्यूजिक लेबल्स वॉर्नर म्यूजिक ने इंटरनेशनल पार्टनरशिप की है। – 2024 में जिमी फैलन के ‘द टुनाइट शो’ में परफॉर्म किया था। गुरुद्वारे में कीर्तन से ग्लोबल स्टार तक स्कूल के दिनों से ही दिलजीत ने गुरुद्वारों में कीर्तन करना शुरू कर दिया था। उनका पहला एलबम ‘इश्क दा उड़ा अड़ा’ 2004 में आया। 2009 में हनी सिंह के साथ आए एल्बम ‘द नेक्स्ट लेवल’ ने उन्हें यूके, अमेरिका और कनाडा के पंजाबी समूह में फेमस कर दिया। 2016 में ‘उड़ता पंजाब’ से बॉलीवुड में डेब्यू किया बच्चों और बुजुर्गों के लिए फाउंडेशन बनाया है – वंचित बच्चों और बुजुर्गों की मदद के लिए 2013 में अपने जन्मदिन पर सांझ फाउंडेशन नाम से एनजीओ शुरू किया था। – दिलजीत को महंगे स्नीकर्स और जूतों का बेहद शौक है। उनके पास दुनिया के सबसे दुर्लभ और महंगे ब्रांड्स का एक बड़ा कलेक्शन है। ‘कोचेला’ में परफॉर्म करने वाले पहले पंजाबी सिंगर – फोर्ब्स इंडिया की सेलिब्रिटी 100 सूची में कई बार शामिल किए जा चुके हैं। – कैलिफोर्निया के प्रसिद्ध म्यूजिक एंड आर्ट्स फेस्टिवल ‘कोचेला’ में प्रस्तुति देने वाले वे पहले पंजाबी सिंगर हैं। – क्लोदिंग ब्रांड ‘अर्बन पेंडू’ लॉन्च किया है। खालिस्तानी एजेंडे को बढ़ाने के लग चुके हैं आरोप – 2020 में कांग्रेस सांसद रवनीत बिट्टू ने उनके गाने रंगरूट और जैज बी के ‘पुत जट्टा दां’ को खालिस्तानी एजेंडे को बढ़ावा देने वाला कहा था। – 2025 में एफडब्ल्यूआईसीई ने फिल्म ‘सरदार जी 3’ में पाकिस्तानी अभिनेत्री हानिया आमिर को कास्ट करने पर उन्हें बैन कर दिया था।
Discover more from Hindi News Blogs
Subscribe to get the latest posts sent to your email.