काइलियन एमबाप्पे ने पहले हाफ में पेनल्टी किक चूकने के बाद शानदार वापसी करके एक गोल किया और एक गोल करने में मदद की जिससे फ्रांस ने बृहस्पतिवार को यहां विश्व कप फुटबॉल के पहले क्वार्टर फाइनल में मोरक्को को 2-0 से हराकर लगातार तीसरी बार सेमीफाइनल में जगह बनाई।
फ्रांस की तरफ से ओस्मान डेम्बेले ने दूसरा गोल किया। अब सेमीफाइनल में उसका मुकाबला मंगलवार को डलास में स्पेन या बेल्जियम में से किसी एक से होगा।
एमबाप्पे का 60वें मिनट में किया गया गोल उनके विश्व कप करियर का 20वां गोल था, जिससे वह अर्जेंटीना के कप्तान लियोनेल मेस्सी से सिर्फ एक गोल पीछे रह गए।
डेम्बेले ने 66वें मिनट में टूर्नामेंट का अपना पांचवां गोल किया।
कतर में 2022 में खेले गए सेमीफाइनल में फ्रांस ने मोरक्को को इसी स्कोर से हराया था। फ्रांस अब लगातार तीन विश्व कप के फाइनल में खेलने वाला तीसरा देश बनने की राह पर है।
एमबाप्पे ने इस साल के विश्व कप में अपना आठवां गोल करने के बाद अपनी बाहें फैलाकर चारों ओर चक्कर लगाया। बाद में चोट लगने की आशंका के चलते मैदान से बाहर जाते समय उन्होंने स्टेडियम में मौजूद फ्रांस के प्रशंसकों का हाथ हिलाकर अभिवादन किया। इस स्टार स्ट्राइकर के दाहिने टखने में चोट गई थी।
एमबाप्पे ने मैच के बाद कहा, ‘‘आराम करने का सिर्फ एक ही तरीका है और वो है जीत हासिल करना। जब तक हम जीत नहीं जाते, हम चैन से नहीं बैठेंगे।
हम सेमीफाइनल में पहुंच गए हैं और बहुत खुश हैं, लेकिन अभी लंबा सफर तय करना बाकी है।’’
मोरक्को के डिफेंडर ने एमबाप्पे को जोरदार टक्कर मारी थी जिसके लगभग 13 मिनट बाद, 76वें मिनट में वह मैदान पर गिर पड़े और एक मिनट बाद ही उन्हें दूसरे खिलाड़ी से बदल दिया गया। बेंच पर पहुंचकर उन्होंने अपने दाहिने टखने पर बर्फ की पट्टी लगा रखी थी लेकिन मैच समाप्त के बाद उन्होंने अपने दोनों जूते पहने और अपने साथियों के साथ जश्न मनाने के लिए दौड़ पड़े।
एमबाप्पे ने कहा, ‘‘ मेरे टखने में चोट लगी थी, लेकिन मैं ठीक हूंं।’’
मोरक्को के गेंद को क्लियर करने में नाकाम रहने के बाद एमबाप्पे ने दूर वाले पोस्ट के ठीक अंदर सटीक शॉट लगाकर अपना गोल दागा। उन्होंने बॉक्स के ठीक बाहर गेंद हासिल की और फिर कुछ कदम आगे बढ़कर उसे नेट में डाल दिया। उन्होंने दोनों हाथ फैलाए और अपने साथियों के साथ जश्न मनाने के लिए साइडलाइन की ओर दौड़ पड़े।
फ्रांस ने दूसरा गोल तब किया जब एमबाप्पे ने पास लिया और उसे वापस डेम्बेले की तरफ भेजा। एमबाप्पे आगे बढ़ते रहे और डिफेंडर भी उनके साथ चले गए। इससे डेम्बेले को गोल करने का मौका मिल गया।
डेम्बेले ने कहा कि पहले हाफ में पेनल्टी चूकने के बाद एमबाप्पे ने जिस तरह का शानदार प्रदर्शन किया उससे उन्हें किसी तरह की हैरानी नहीं हुई।
डेम्बेले ने कहा, ‘‘वह हमारे कप्तान हैं और उनका मनोबल अविश्वसनीय है। हम उनसे और भी अधिक गोल की उम्मीद कर रहे हैं।’’
मैच के दौरान गोल पर शॉट मारने के मामले में फ्रांस 21-4 से आगे और लक्ष्य पर शॉट मारने के मामले में 8-1 से आगे था।
मोरक्को के कोच मोहम्मद ओउबी ने कहा, ‘‘हम बहुत निराश हैं। हम आगे बढ़ना चाहते थे। जब गेंद हमारे पास थी, तब भी हम उस पर ज्यादा देर तक नियंत्रण नहीं रख पाए।’’
मैच का पहला शॉट भी एमबाप्पे ने ही चौथे मिनट में लगाया था, जो गोल के दाहिनी ओर से थोड़ा बाहर चला गया।
फिर 25वें मिनट में जब वह बायीं ओर से आगे बढ़ रहे थे तो बॉक्स के अंदर मोरक्को के डिफेंडर नौसेर मज़राउई ने उन्हें गिरा दिया। इससे फ्रांस को पेनल्टी मिल गई।
लेकिन एमबाप्पे का दाहिने कोने की ओर मारा गया शॉट गोलकीपर यासीन बोनू ने सही दिशा का अनुमान लगाकर रोक लिया।
मोरक्को को गोल करने का सबसे अच्छा मौका हाफ टाइम की सीटी बजने से ठीक पहले मिला जब अशरफ हकीमी ने बॉक्स के बाहर से एक फ्री किक मारी जो दाहिने पोस्ट के पास से निकल गई।
फ्रांस के पास अब ब्राजील और पश्चिम जर्मनी की तरह लगातार तीन विश्व कप फाइनल में पहुंचने का मौका है।
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