Last Updated:
पुलिस के अनुसार टैंक की सफाई के लिए कुछ केमिकल का यूज किया गया था. इसी केमिकल से बनी जहरीली गैस ने तीनों की जान ले ली. घर का मालिक मुनीशमप्पा सबसे पहले टैंक में उतरा था. उसे बचाने के चक्कर में बाकी दोनों भी टैंक में उतर गए. तीनों अंदर ही बेहोश होकर गिर पड़े.
कर्नाटक पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है. (फाइल फोटो)
बेंगलुरु. पुलिस ने बताया कि शनिवार को व्हाइटफील्ड के इम्मादिहल्ली स्थित एक आवास में पानी की नाली की सफाई करते समय संदिग्ध रूप से दम घुटने से तीन लोगों की मौत हो गई. यह घटना व्हाइटफील्ड पुलिस स्टेशन के अधिकार क्षेत्र में घटी. मृतकों की पहचान घर के मालिक 67 वर्षीय मुनीशमप्पा, 40 वर्षीय प्लंबर रुद्र कुमार और 24 वर्षीय डिलीवरी एक्जीक्यूटिव विश्वनाथ अचारी के रूप में हुई है.
पुलिस के अनुसार, यह घटना पंचमुखी अंजनेय मंदिर के पीछे, इम्मादिहल्ली मंदिर सर्कल के पास घटी. मुनीशमप्पा अपने घर के पानी के टैंक को साफ करने के लिए उसमें उतरे थे और माना जाता है कि उन्होंने इसके लिए रासायनिक पदार्थों का इस्तेमाल किया था. सफाई प्रक्रिया के दौरान कथित तौर पर जहरीली गैसों के कारण उन्हें सांस लेने में कठिनाई हुई और वे नाले के अंदर गिर पड़े.
रुद्र कुमार ने देखा कि मुनीशमप्पा वापस नहीं लौटे हैं, इसलिए वे उनकी हालत जानने के लिए नाले में उतरे और वहीं गिर पड़े. बाद में स्थिति का जायजा लेने आए विश्वनाथ अचारी भी नाले में उतरे और उसी तरह बेहोश हो गए. मुनीशमप्पा और रुद्र कुमार को व्हाइटफील्ड स्थित मणिपाल अस्पताल ले जाया गया, जबकि विश्वनाथ अचारी को व्हाइटफील्ड स्थित वैदेही अस्पताल ले जाया गया. डॉक्टरों ने तीनों को मृत घोषित कर दिया.
शवों को पोस्टमार्टम और आगे की कानूनी कार्यवाही के लिए वैदेही अस्पताल ले जाया गया है.
पुलिस अधिकारियों ने घटनास्थल का दौरा किया और मामला दर्ज किया. प्रारंभिक जांच से पता चलता है कि ये मौतें नाले के अंदर जहरीली गैसों के साँस लेने से दम घुटने के कारण हुईं. आगे की जांच जारी है. इसी महीने की शुरुआत में एक अलग घटना में, लापता बताए गए 14 वर्षीय लड़के का शव 3 फरवरी को बेंगलुरु जल आपूर्ति और सीवरेज बोर्ड (बीडब्ल्यूएसएसबी) के पाइपलाइन कक्ष के अंदर मिला था. उस मामले में बीडब्ल्यूएसएसबी के अधिकारियों के खिलाफ लापरवाही से मौत का मामला दर्ज किया गया था.
15 फरवरी को एक अन्य घटना में, बेंगलुरु के बाहरी इलाके में एक स्टूडियो में मैटरनिटी फोटोशूट के दौरान एक तीन वर्षीय लड़का कृत्रिम तालाब में डूब गया. बच्चा अपनी मां के साथ मदनयकानहल्ली के पास गिद्देनाहल्ली स्थित स्टूडियो में गया था. जब मां फोटोशूट में व्यस्त थी, तब बच्चा कथित तौर पर किसी का ध्यान आकर्षित किए बिना इधर-उधर भटक गया. बाद में वह परिसर के अंदर फोटोग्राफी के उद्देश्य से बनाए गए एक कृत्रिम तालाब में मिला.
About the Author
राकेश रंजन कुमार को डिजिटल पत्रकारिता में 10 साल से अधिक का अनुभव है. न्यूज़18 के साथ जुड़ने से पहले उन्होंने लाइव हिन्दुस्तान, दैनिक जागरण, ज़ी न्यूज़, जनसत्ता और दैनिक भास्कर में काम किया है. वर्तमान में वह h…और पढ़ें
Discover more from Hindi News Blogs
Subscribe to get the latest posts sent to your email.