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किताब: मोसाड: इजराइल की खुफिया एजेंसी के बेमिसाल अभियान
(अंग्रेजी किताब ‘मोसाड- द ग्रेटेस्ट मिशन्स ऑफ द इजराइली सीक्रेट सर्विस’ का हिंदी अनुवाद)
लेखक: माइकल बार-जोहार, निसिम मिशाल
अनुवाद: मदन सोनी
प्रकाशक: मंजुल पब्लिकेशन
मूल्य: 499 रुपए
इजराइल के प्रसिद्ध लेखक माइकल बार-जोहार और निसिम मिशाल ने खुफिया एजेंसी ‘मोसाड’ के सीक्रेट मिशन्स की कहानियां लिखी हैं। यह सिर्फ जासूसी कहानियों का संग्रह नहीं है, बल्कि यह साहस, रणनीति और धैर्य का जीवंत दस्तावेज है। इसकी लेखन शैली इतनी प्रभावशाली है कि हर मिशन एक थ्रिलर फिल्म जैसा लगता है।
आज बुक रिव्यू में हम किताब की पांच सबसे रोमांचक और सहसिक मिशन की बात करेंगे।
1. अडोल्फ आइशमन की गिरफ्तारी
दूसरे विश्व युद्ध के दौरान नाजी अधिकारी अडोल्फ आइशमन ने लाखों यहूदियों की हत्या करवाई और युद्ध के बाद गायब हो गया। वह अपनी पहचान छिपाकर अर्जेंटीना में ‘रिकार्डो क्लेमेंट’ नाम से एक सामान्य जीवन जी रहा था। लेकिन मोसाड ने 15 सालों तक उसकी तलाश जारी रखी और उसे ढूंढ निकाला।
मिशन की खासियत
मोसाड के एजेंट्स ने अर्जेंटीना जाकर आइशमन की पहचान की, उसे सड़क से उठाया और बेहोश करके एक विमान के जरिए गुप्त रूप से इजराइल ले आए। इस ऑपरेशन से कई अंतरराष्ट्रीय कानून और सीमाएं आड़े आईं, फिर भी इसे अंजाम तक पहुंचाया गया। इस मिशन से क्या सबक मिलते हैं, ग्राफिक में देखिए-

2. ‘ऑपरेशन एंटेब्बे’ में असंभव को बनाया संभव
जुलाई 1976 में एयर फ्रांस का एक विमान हाईजैक हो गया। आतंकी विमान को युगांडा के एंटेब्बे एयरपोर्ट ले गए। उन्होंने गैर-यहूदी यात्रियों को छोड़ दिया, लेकिन 100 से ज्यादा यहूदियों को बंधक बना लिया।
इजराइल से युगांडा की दूरी 4,000 किलोमीटर से भी ज्यादा थी और वहां का क्रूर तानाशाह ईदी अमीन आतंकियों की मदद कर रहा था। दुनिया को लगा कि बंधकों को बचाना नामुमकिन है। इसके बावजूद मोसाड ने बंधकों को छुड़ा लिया।
मिशन की खासियत
इजराइली कमांडोज ने रात के अंधेरे में हजारों मील उड़कर एंटेब्बे पर धावा बोला। इसमें एक मर्सिडीज का इस्तेमाल करके दुश्मन को चकमा दिया गया, जो हूबहू ईदी अमीन की कार जैसी दिखती थी। कमांडोज ने महज 53 मिनट के भीतर बंधकों को छुड़ा लिया।
3. म्यूनिख आतंकियों को खोज-खोजकर मारा
1972 के म्यूनिख ओलंपिक के दौरान ‘ब्लैक सितंबर’ नाम के एक आतंकी संगठन ने 11 इजराइली खिलाड़ियों की हत्या कर दी थी। खेल के मैदान पर हुए इस खूनी खेल ने पूरी दुनिया को हिला दिया। मोसाड ने संकल्प लिया कि वह इस कायराना हमले के दोषियों को दुनिया के किसी भी कोने से ढूंढ निकालेगा। मिशन की खासियत
मोसाड ने ‘रैथ ऑफ गॉड’ (ईश्वर का प्रकोप) नामक ऑपरेशन शुरू किया। मोसाड के हिट स्क्वाड ने दुनिया के अलग-अलग कोनों में छिपे उन सभी आतंकियों को एक-एक करके ढूंढ निकाला और खत्म कर दिया। यह मिशन कई साल तक चला।

4. ऑपरेशन डायमंड में दुश्मन का सबसे घातक विमान चुरा लिया
1960 के दशक में सोवियत संघ का ‘MiG-21’ लड़ाकू विमान दुनिया का सबसे घातक हथियार माना जाता था। अमेरिका और इजराइल इस विमान की तकनीक को समझना चाहते थे, लेकिन यह उनके लिए एक अनसुलझी पहेली था। इसे हासिल करना लगभग असंभव था, क्योंकि यह दुश्मन के सख्त पहरे में रहता था।
मिशन की खासियत
मोसाड ने बिना कोई हमला किए, एक इराकी ईसाई पायलट मुनीर रेडफा को इस बात के लिए राजी कर लिया कि वह अपना विमान उड़ाकर सीधे इजराइल ले आए। यह मिशन पूरी तरह से ‘साइकोलॉजिकल वॉरफेयर’ था। मोसाड ने बिना कोई लड़ाई लड़े ही दुश्मन की सबसे बड़ी ताकत को हथिया लिया।

5. ऑपरेशन मोजेज
आमतौर पर खुफिया एजेंसियों का नाम सुनते ही जासूसी और हमलों का ख्याल आता है, लेकिन मोसाड का यह मिशन बिल्कुल अलग था। 1980 के दशक में इथियोपिया में भीषण अकाल और गृहयुद्ध छिड़ा हुआ था, जिससे वहां रहने वाले हजारों यहूदी संकट में थे। उन्हें वहां से निकालना लगभग नामुमकिन था।
मिशन की खासियत
मोसाड ने सूडान के तट पर एक नकली ‘डाइविंग रिसॉर्ट’ बनाया ताकि वे इथियोपियाई यहूदियों को समुद्र और हवा के रास्ते गुप्त रूप से इजराइल ला सकें। यह एक बेहद जोखिम भरा मिशन था, जहां जासूसों ने अपनी जान जोखिम में डालकर हजारों मासूमों की जान बचाई।
अब ये जानते हैं कि किताब क्यों पढ़नी चाहिए-
यह किताब क्यों पढ़नी चाहिए?
इजराइल की खुफिया एजेंसी मोसाड के बेमिसाल अभियान पढ़ने के पीछे कई कारण हैं-
- इस किताब में सच्ची घटनाओं पर आधारित रोमांचक कहानियां हैं।
- इसमें आपको रियल लाइफ थ्रिलर जैसा अनुभव मिलता है।
- यह साहस, धैर्य और रणनीति के बेहतरीन उदाहरण सिखाती है।
- किताब लीडरशिप और संकट में निर्णय लेने की कला समझाती है।
- इसमें बताया गया है कि बुद्धिमत्ता कितनी शक्तिशाली होती है।
- यह आपको इतिहास और अंतरराष्ट्रीय घटनाओं की गहरी समझ देती है।
- किताब प्रेरणा देती है कि मुश्किल हालात में भी हार नहीं माननी चाहिए।
- यह मनोरंजन और ज्ञान का शानदार संतुलन प्रदान करती है।
किसे पढ़नी चाहिए?
यह किताब उन लोगों को बेहद पसंद आएगी, जो थ्रिलर फिल्में या कहानियां पसंद करते हैं। यह किताब किसे पढ़नी चाहिए, ग्राफिक में देखिए-

किताब के बारे में मेरी राय
इस किताब की सबसे बड़ी खासियत इसकी स्टोरीटेलिंग स्टाइल है। हर मिशन को इस तरह लिखा गया है कि पाठक खुद को उस स्थिति में महसूस कर सकता है। भाषा सरल और प्रभावशाली है, जिससे यह किताब हर तरह के पाठकों के लिए उपयुक्त बन जाती है।
हालांकि, यह ध्यान रखना जरूरी है कि किताब एक विशेष दृष्टिकोण से लिखी गई है। इसलिए इन सभी घटनाओं और मिशनों को संतुलित रूप से समझने के लिए दूसरी किताबें भी पढ़नी चाहिए।
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